Wednesday, 4 November 2026
कनाडा में पंजाबी गैंगस्टर अमृतपाल सिंह बाठ गिरफ्तार

कनाडा में पंजाबी गैंगस्टर अमृतपाल सिंह बाठ गिरफ्तार

कनाडा में पंजाबी गैंगस्टर अमृतपाल सिंह बाठ गिरफ्तार

सरी पुलिस ने किया गिरफ्तार

कनाडा बॉर्डर सर्विसेज एजेंसी के हवाले किया

कनाडा/ जालंधर | बिग बाॅस इण्डिया टूडे न्यूज 

कनाडा के सरी शहर में पुलिस ने भारतीय गैंगस्टर अमृतपाल सिंह बाठ को गिरफ्तार किया है। प्राप्त जानकारी के अनुसार, सरी पुलिस सेवा (SPS) के अधिकारियों ने 8 अक्टूबर 2026 की रात लगभग 8:19 बजे सरी के डाउनटाउन इलाके में सेंट्रल एवेन्यू और 134 स्ट्रीट के पास एक कार को रोककर जांच की। इस दौरान कार में सवार 33 वर्षीय भारतीय नागरिक अमृतपाल सिंह बाठ को गिरफ्तार कर लिया गया।

पुलिस अधिकारियों ने बताया कि कार में सवार व्यक्तियों से पूछताछ के दौरान कनाडा बॉर्डर सर्विसेज एजेंसी (CBSA) से संपर्क किया गया। इसके बाद अमृतपाल सिंह बाठ को एजेंसी के हवाले कर दिया गया। फिलहाल वह एजेंसी की हिरासत में है।

पंजाब में दर्ज हैं करीब 20 आपराधिक मामले

जानकारी के मुताबिक, पंजाब के तरनतारन जिले के मियांपुर गांव से संबंधित अमृतपाल सिंह बाठ पर हत्या, हत्या के प्रयास, गैरकानूनी गतिविधियां (रोकथाम) अधिनियम (UAPA) और आर्म्स एक्ट सहित विभिन्न धाराओं के तहत करीब 20 आपराधिक मामले दर्ज बताए गए हैं। अमृतपाल सिंह बाठ को अमृत दलम और हरप्रीत सिंह के नाम से भी जाना जाता है।

बताया जा रहा है कि उसे भारत वापस लाने की प्रक्रिया शुरू कर दी गई है। हालांकि, प्रत्यर्पण अथवा निर्वासन की अंतिम स्थिति की आधिकारिक पुष्टि आवश्यक है।

पंजाब पुलिस ने शुरू की दस्तावेजी कार्रवाई

एसएसपी तरनतारन सुरेंद्र लांबा के अनुसार, पंजाब पुलिस ने अमृतपाल सिंह बाठ को भारत वापस लाने के लिए आवश्यक दस्तावेजी कार्रवाई शुरू कर दी है।

वर्ष 2025 में तरनतारन विधानसभा क्षेत्र के उपचुनाव के दौरान भी अमृतपाल सिंह बाठ का नाम राजनीतिक बयानों और पुलिस मामलों को लेकर चर्चा में आया था। उस दौरान उसकी पत्नी कंचनप्रीत से संबंधित एक इंटरव्यू भी चर्चा का विषय बना था। इंटरव्यू में बाठ ने इलाके के विधायक हरमीत सिंह संधू पर उसे गैंगस्टर बनाने का आरोप लगाया था।

नोट: गिरफ्तारी, आपराधिक मामलों और भारत वापसी से संबंधित जानकारी को प्रकाशित करने से पहले संबंधित पुलिस अथवा सरकारी एजेंसियों के आधिकारिक बयानों से सत्यापित किया जाना चाहिए। आरोपों को न्यायालय द्वारा दोष सिद्ध होने तक आरोप के रूप में ही प्रस्तुत किया जाना चाहिए।

Published on: 27 Oct 2026

Author Info

Ramesh Mahendru
editor@bigbossindiatoday.com
9592029111