केजरीवाल की पोल खोलने दिल्ली से पंजाब आई हूं - रेखा गुप्ता
केजरीवाल पर पंजाब के संसाधनों और जनता के टैक्स के दुरुपयोग का लगाया आरोप
फतेहगढ़ साहिब - बिग बॉस इण्डिया टूडे न्यूज
पंजाब में भाजपा की नशामुक्त पंजाब यात्रा के दौरान फतेहगढ़ साहिब में आयोजित कार्यक्रम को संबोधित करते हुए दिल्ली की मुख्यमंत्री रेखा गुप्ता ने आम आदमी पार्टी के राष्ट्रीय संयोजक अरविंद केजरीवाल पर तीखा हमला बोला।
इससे पहले दिल्ली की मुख्यमंत्री रेखा गुप्ता ने श्री फतेहगढ़ साहिब के ऐतिहासिक गुरुद्वारा साहिब में माथा टेक आशीर्वाद लिया और पंजाब व पंजाब वासियों की सुख-शति व खुशहाल बनने की अरदास भी की।
रेखा गुप्ता ने कहा, “मैं विशेष रूप से दिल्ली से इसलिए आई हूं कि अरविंद केजरीवाल की पोल खोल सकूं। यह व्यक्ति ढोंगी और मक्कार है, जिसने पहले दिल्ली की जनता को लूटा। दिल्ली के पैसे से पंजाब पर कब्जा किया और अब पंजाब के पैसे से पूरे देश की राजनीति करने की कोशिश की जा रही है।
उन्होंने कहा कि दिल्ली में केजरीवाल के कथित ‘शीश महल’ का मुद्दा उठाते हुए अब पंजाब में भी उन्हें विशेष सुविधाएं दिए जाने के आरोप सामने आ रहे हैं। रेखा गुप्ता ने इसे ‘शीश महल-2’ बताते हुए सवाल उठाया कि केजरीवाल पंजाब में किस हैसियत से रह रहे हैं और पंजाब के संसाधनों तथा करदाताओं के पैसे का इस्तेमाल किस आधार पर किया जा रहा है।
रेखा गुप्ता ने आरोप लगाया कि केजरीवाल निजी विमान से यात्रा करते हैं और पंजाब में नौकर-चाकर तथा शाही सुविधाओं के साथ रहते हैं। उन्होंने कहा कि पंजाब की जनता को यह सवाल पूछना चाहिए कि उनके टैक्स से प्राप्त धन का इस्तेमाल किस प्रकार और किन उद्देश्यों के लिए किया जा रहा है।
दिल्ली की मुख्यमंत्री ने आगे आरोप लगाया कि “केवल केजरीवाल ही नहीं, बल्कि उनकी पूरी बटालियन पिछले पांच साल से पंजाब को दीमक की तरह चाट रही है। उन्होंने आम आदमी पार्टी सरकार पर पंजाब के हितों की अनदेखी करने तथा राज्य के संसाधनों का राजनीतिक इस्तेमाल करने का आरोप लगाया।
रेखा गुप्ता ने पंजाब में नशे के मुद्दे पर भी आम आदमी पार्टी सरकार को घेरा। उन्होंने कहा कि सत्ता में आने के समय नशा खत्म करने को लेकर समयसीमा तय की गई थी, लेकिन उनके अनुसार यह समयसीमा कई बार आगे बढ़ाई गई।
उन्होंने कहा कि पंजाब की जनता को राज्य के संसाधनों, सरकारी खर्च और सरकार की प्राथमिकताओं को लेकर सवाल पूछने चाहिए तथा हर खर्च में पारदर्शिता सुनिश्चित होनी चाहिए।